Ghazipur: परम सन्त पूज्य बाबा जयगुरुदेव जी महाराज ने आजीवन अथक परिश्रम करके करोड़ो लोगों का हृदय परिवर्तन किया। लोगों को शाकाहारी-सदाचारी, चरित्रवान एवं नशामुक्त बनाकर अच्छा समाज बनाने, आत्म कल्याण करने तथा मानवता की सेवा करने के लिये समर्पित करा दिया। उनके उत्तराधिकारी संत पंकज जी महाराज उनके मिशन को जन-जन तक पहुंचाने के लिए गाजीपुर के 83 दिवसीय जनजागरण यात्रा के 46वें पड़ाव पर कल सायंकाल मनिहारी ब्लाक के ग्राम कस्बा कोइरी (भुमधरिया बाबा रामलीला मैदान) पर पहुंचे। भारी जनसमूह द्वारा काफिला का बाजा-गाजा, सज्जित कलशों व पुष्प वर्षा करके स्वागत किया गया।
सन्त पंकज जी महाराज ने कहा कि मांसाहार, नशा का सेवन करने वाला जीव सीधे नरक में जाता है। कर्मों की सजा युगों-युगों तक 84 लाख योनियों में भटकते हुए कष्ट उठाता है। ऐसे पापमय कर्मों की माफी सन्त सत्गुरु के अलावा कोई नहीं कर सकता है। भगवान ने स्वयं कहा है कि ‘‘काल रूप मैं तिनकर भ्राता, अशुभ और कर्म फल दाता।’’ महाराज जी ने कहा कि बाबा जयगुरुदेव जी महाराज ने अपने गुरु की याद में मथुरा में एक विलक्षण वरदानी नाम योग साधना मन्दिर का निर्माण कराया, जहां रूपया, पैसा नहीं बुराई चढ़ाई जाती हैं। अपनी एक बुराई चढ़ाने पर एक मनोकामना की पूर्ति होती है। मन्दिर के प्रसाद का एक दाना किसी भी परेशानी में बचाव करता है। समय-समय पर सन्त, महात्मा, फकीर इस धरा पर जीवों के उद्धार के लिये अवतरित होते हैं लेकिन हम अज्ञानी जीवों का दुर्भाग्य है जो हम ऐसे महात्माओं को पहचान नहीं पाते और उनका विरोध करते हैं। अनेक तरह से कष्ट पहुंचाते हैं, उसके बावजूद वे हमारे उद्धार के लिये प्रयास करते रहते हैं।
महाराज जी ने आगामी 3 से 5 मार्च तक जयगुरुदेव आश्रम, मथुरा में आगरा-दिल्ली बाईपास पर होने वाले होली सत्संग मेला में सभी को भाग लेने के लिये आमन्त्रित किया। सत्संग में भाग लेने वालों को साधुवाद कहते हुए सबके सुखद भविष्य की मंगल कामना किया। शांति व्यवस्था में पुलिस प्रशासन का सहयोग रहा।
इस अवसर पर जंगबहादुर सिंह यादव, केशव यादव, बालकरन राजभर, अनिल कश्यप प्रधान, कोलम्बस यादव, अनन्त सिंह (छेदी), सुदर्शन यादव, शिवधर यादव, मनबोध यादव, सहयोगी संगत सीतापुर खण्ड दक्षिणी के अध्यक्ष मोती लाल मौर्य, सुरेन्द्र सिंह चौहान, विजय कुमार आदि मौजूद रहे। कार्यक्रम के बाद जनजागरण यात्रा अगले पड़ाव कुनआन (मौनी बाबा धाम) ब्लाक व तहसील जखनिया के लिये प्रस्थान कर गई।