New Delhi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए ‘सेवा संकल्प यात्रा’ के प्रतिभागियों के साथ संवाद किया। इस दौरान पीएम मोदी ने कहा कि सेवा ही हमारा मुख्य कार्य होना चाहिए और सेवा करते-करते ही सेवा का संदेश देना है, कोई उपदेश नहीं देना है। हम सेवा करके ही सेवा का संदेश देंगे। हमारे आचरण से ही लोगों को पता चले कि राजनीति में सत्ता कितनी ही बड़ी क्यों न हो जाए, लेकिन हमारा मार्ग सेवा का ही रहेगा। हम कभी भी सेवा के मार्ग से विचलित नहीं होंगे। कितने ही ऊंचे शिखर पर पहुंचेंगे, लेकिन ‘सेवा परमो धर्म:’ के भाव को लेकर ही आगे बढ़ेंगे।
बता दें कि सेवा संकल्प यात्रा प्रधानमंत्री के जन्मस्थान वडनगर से शुरू होकर उनके सांसदी क्षेत्र वाराणसी तक पहुंच रही है। इसी बात को मद्देनजर रखते हुए पीएम मोदी ने युवाओं के सेवा कार्यों की सराहना की।
सेवा के भाव से करोड़ों जरूरतमंदों को मिलता है मुफ्त अनाज
पीएम मोदी ने कहा कि जब हम सेवाभाव से काम कर रहे हैं। जब सेवा का भाव होता है, तब करोड़ों जरूरतमंदों को मुफ्त अनाज मिलता है। जब सेवा का भाव होता है, तो आयुष्मान योजना जन्म लेती है। और इन दोनों शहरों से निकलते हुए आप लोगों ने रास्ते भर में देखा होगा कि सेवा के कामों को हमने कैसे आगे बढ़ाया है।
बता दें कियुवाओं को संदेश देते हुए पीएम मोदी ने कहा कि राजनीति अपनी जगह है, चुनाव अपनी जगह पर है, शासन व्यवस्थाएं अपनी जगह पर हैं। लेकिन हम तो राष्ट्र निर्माण के लिए निकले हुए लोग हैं, हम विकसित भारत के संकल्प को लेकर निकले हुए लोग हैं। 2047 तक विकसित भारत के निर्माण में हमें युवाशक्ति की बहुत बड़ी भूमिका को एकदम से मजबूती के साथ आगे बढ़ाना है।