Jagannath rath yatra: ओडिशा के पुरी में आज से शुरू हो रही विश्व प्रसिद्ध भगवान जगन्नाथ रथ यात्रा के पावन अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश और दुनिया भर के श्रद्धालुओं को बधाई दी है. सोशल मीडिया पोस्ट में राष्ट्रपति ने कहा कि लोकमान्यता है कि इस पवित्र यात्रा की महान परंपरा के दौरान चक्रराज सुदर्शन, बड़े भाई बलभद्र तथा बहन सुभद्रा सहित महाप्रभु श्रीजगन्नाथ भक्तों से मिलते हैं. उन्होंने कहा कि भक्तों और भगवान के मिलन का यह भावपूर्ण अवसर अद्वितीय होता है. राष्ट्रपति ने कामना की कि महाप्रभु श्रीजगन्नाथ की कृपा से देश और देशवासियों की सुख-समृद्धि में निरंतर वृद्धि होती रहे.
आध्यात्मिक परंपराओं का एक जीवंत उत्सव: उपराष्ट्रपति
उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने कहा है कि पवित्र रथ यात्रा आस्था, भक्ति, समानता और आपसी सद्भाव के मूल्यों को दर्शाती है और सभी मतभेदों से ऊपर उठकर लोगों को एक साथ लाती है. सोशल मीडिया पोस्ट में उन्होंने कहा कि यह हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और स्थायी आध्यात्मिक परंपराओं का एक जीवंत उत्सव है.
पीएम मोदी ने सभी को दी रथ यात्रा की बधाई
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जगन्नाथ रथ यात्रा के अवसर पर लोगों को शुभकामनाएँ दी हैं. सोशल मीडिया पर पोस्ट में कहा कि, यह भारत की सदाबहार आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत की शानदार अभिव्यक्ति है. रथ यात्रा से जुड़ी परंपराओं ने भारत और दुनिया भर में कई पीढ़ियों को प्रेरित किया है. ये विनम्रता, सामूहिक भागीदारी और निस्वार्थ सेवा का प्रतीक हैं.”
पीएम मोदी ने सभी की भलाई और खुशहाली के लिए भी प्रार्थना की. उन्होंने कहा, “महाप्रभु जगन्नाथ सभी को अच्छा स्वास्थ्य, खुशी और समृद्धि का आशीर्वाद दें. वे हमें हमारे सभी कामों के लिए शक्ति दें और हमारे समाज में एकजुटता की भावना को और मजबूत करें. जय जगन्नाथ!”
लोकसभा अध्यक्ष ने देशवासियों को दी शुभकामनाएं
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक श्लोक “नीलांचल निवासाय नित्याय परमात्मने. बलभद्र सुभद्राभ्याम् जगन्नाथाय ते नमः..” साझा किया. उन्होंने आगे लिखा, “श्री जगन्नाथ रथयात्रा महोत्सव के पावन पर्व पर समस्त देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं. महाप्रभु भगवान श्री जगन्नाथ जी की रथयात्रा भारतीय संस्कृति की उस शाश्वत चेतना का दिव्य उत्सव है, जहाँ आस्था, अध्यात्म और लोकमंगल का अनुपम संगम साकार होता है.”
पुरी में कई स्तरों वाली सुरक्षा व्यवस्था
बता दें कि पुरी में कई स्तरों वाली सुरक्षा व्यवस्था की गई है, जिसमें राज्य पुलिस, केंद्रीय बलों, भारतीय नौसेना और तटरक्षक बल के जवानों को तैनात किया गया है. भीड़ नियंत्रण, यातायात प्रबंधन और आपातकालीन प्रतिक्रिया पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है.
ADG (कानून-व्यवस्था) संजय कुमार ने बताया कि 13,000 पुलिसकर्मी, केंद्रीय सशस्त्र बलों की 15 कंपनियां, NSG कमांडो और समुद्र तट पर 500 लाइफगार्ड पहले ही तैनात किए जा चुके हैं.
इसे भी पढ़ें:-मौसम का आज बदला मिजाज! यूपी-बिहार सहित 15 राज्यों में आंधी-पानी का अलर्ट